
नई दिल्ली | 12 फरवरी 2026
उम्मीदें टूटीं, दुआएं अभी अधूरी हैं… करोड़ों चेहरों पर मुस्कान बिखेरने वाले अभिनेता राजपाल यादव के लिए ‘इंतज़ार’ की घड़ी और लंबी हो गई है। 12 फरवरी की सुबह राहत की आस लेकर आई थी, लेकिन शाम ढलते-ढलते एक कड़वी सच्चाई सामने आ गई। दिल्ली हाई कोर्ट से जिस राहत की उम्मीद परिवार और चाहने वाले कर रहे थे, वह फिलहाल नहीं मिल सकी। अब राजपाल यादव को कम से कम चार और रातें तिहाड़ जेल में बितानी होंगी।
अदालत की सख्त टिप्पणी
सुनवाई के दौरान जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की अदालत में माहौल गंभीर रहा। कोर्ट ने अभिनेता के पुराने रिकॉर्ड का हवाला देते हुए कड़ी टिप्पणी की—
“आप जेल इसलिए गए क्योंकि आपने अपना वादा पूरा नहीं किया। इससे पहले भी कई मौकों पर भुगतान का भरोसा दिया गया, लेकिन हर बार वह पूरा नहीं हो सका।”
अदालत की इस सख्ती ने साफ कर दिया कि कानून वादों की जवाबदेही से समझौता नहीं करता।
परिवार की शादी की दलील भी न आई काम
राजपाल यादव के वकील ने परिवार में होने वाली शादी का हवाला देते हुए जमानत की गुहार लगाई, ताकि वे इस अहम मौके पर अपनों के साथ रह सकें। हालांकि, कोर्ट ने फिलहाल राहत नहीं दी। अब पूरा मामला अगले सोमवार की सुनवाई पर टिक गया है। वकील ने आश्वासन दिया है कि सोमवार तक “कुछ न कुछ समाधान” लेकर आएंगे।
संघर्ष जारी, उम्मीदें ज़िंदा
सुबह जिस एकजुटता की चर्चा थी, उसकी ज़रूरत अब और बढ़ गई है। सोनू सूद, सलमान खान और अजय देवगन जैसे सितारे आज भी परिवार के लिए उम्मीद की किरण बने हुए हैं। तिहाड़ की दीवारों के पीछे बिताई जाने वाली ये चार रातें राजपाल यादव के लिए किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं—एक ऐसा कलाकार जिसने दुनिया को हँसाया, आज खुद कानूनी पचड़ों और अधूरे वादों में उलझा है।
यह वक्त सिर्फ राजपाल यादव के लिए नहीं, बल्कि उनके पूरे परिवार के लिए भारी है। अब निगाहें सोमवार की सुनवाई पर टिकी हैं—जहाँ से शायद कोई ऐसी खबर आए जो उनके घर की खुशियाँ लौटा सके।
आपकी राय?
क्या राजपाल यादव को उनके परिवार की खुशियों के लिए सोमवार को राहत मिलनी चाहिए? अपनी राय और दुआएँ कमेंट्स में ज़रूर लिखें। 👇
— Journalist: Anand Kishor
Akhand Bharat News | Bureau Chief
All India Media Association (AIMA)
